E-SIM क्या है और इसके क्या फायदे है?

E-SIM क्या है और इसके क्या फायदे है?

JIo और Airtel के बाद अब Vodafone ने अपनी e - sim लॉन्च कर दी है जो कि पोस्टपेड उपयोगकर्ताओं के लिए है जबकि एयरटेल और वोडाफोन को छोड़कर JIO eSIM प्रीपेड और पोस्टपेड दोनों उपयोगकर्ताओ के लिए है और ये  eSIM सर्विस पूरे India के लिए नहीं है ये कुछ ही स्थानों के लिए होगी दिल्ली, मुम्बई और गुजरात के लिए ही है और ये सर्विस iphone के लिए है जिनमें iPhone 11, iPhone 11 Pro, iPhone 11 Pro Max, iPhone SE (2020), iPhone XS, iPhone XS Max और iPhone XR शामिल हैं।

क्या है E-SIM?
E-SIM का Full Form है Embedded Subscriber Identity Module. E-SIM को eUICC (embedded universal circuit card) भी कहा जाता है ये साधारण SIM की तरह भौतिक रूप में मौजूद नहीं होती है ये फोन में पहले से ही मौजूद होती है E-SIM बाज़ार में मिलने वाली साधारण सिम कार्ड की तरह ही काम करती है लेकिन उनसे कुछ चीजों में बेहतर होती है। और इसको किसी भी ऑपरेटर में बदला जा सकता जैसे मान लीजिये यदि उपयोगकर्ता जिओ से एयरटेल में जाना चाहता तो आसानी से जा सकता बिना कोई सिम कार्ड बदले। यह एक छोटी सी चिप के रूप में होती है जो आपके नेटवर्क के साथ आपकी पहचान को प्रमाणित करने के लिए उपयोग की जाती है ये फोन के अंदर पहले से ही मौजूद होती है। e - sim के लिए नेटवर्क या वाहक की आवश्यकता होती है।

E-SIM के फायदे:

  • E-SIM पर्यावरण के लिए अच्छी है क्योंकि इसमें नए सिम कार्ड की जरूरत नहीं पड़ती है और अपने हिसाब से असानी से नेटवर्क बदल सकते है।
  • ये उपभोक्ता की स्वतंत्रता और परेशानी को कम करेगा जैसे की एक देश से दूसरे देश में जाना है तो वहां पर लोकल ऑपरेटर की जरूरत होती है तो आसानी से बदला जा सकता बिना सिम कार्ड बदले।
  • किसी फोन को बदलते समय सिम काटने जैसी दिक्कत कम हो जाएगी। जैसे कि किसी फोन में nano sim का उपयोग होता है और किसी मे नार्मल सिम का।
  • एक साधारण सिम कार्ड को ले जाने में दिक्कत आती है क्योंकि ये बहुत छोटा होता है जबकि E-SIM कार्ड के साथ ऐसी कोई दिक्कत नही होती है क्योंकि ये हार्डवेयर के रूप में आपके फोन में पहले से मौजूद होता है।
  • e-sim के लिए फोन में सिम ट्रे की की जरूरत नहीं है।
  • आपके पास कई सारे फोन है तो आप एक ही सिम से कनेक्ट कर सकते है जैसे कि आपके पास एक स्मार्ट वाच है और फोन है तो आप एक सिम से दोनों को कनेक्ट कर सकते हो।
  • E-SIM साधारण सिम कार्ड की तुलना में ज्यादा सुरक्षित है।
  • इसमें पुराने सिम को डीएक्टिवेट होने का इंतज़ार नहीं करना पड़ता है नए सिम को आसानी से एक्टिवेट किया जा सकता क्योंकि इसमें remote provisioning की सुविधा होती है।
  • इसमें GSM तकनीक का इस्तेमाल किया गया है जिससे आसानी से एक ऑपरेटर से दूसरे ऑपरेटर में स्विच किया जा सकता है।

E-SIM के नुकसान:
E-SIM को अन्य सिम कार्ड की तरह एक फोन से दूसरे फोन में नहीं डाला जा सकता जैसे मान लीजिये आपका फोन बंद हो गया है और आपको कोई बहुत जरूरी काम है तो आप किसी के फोन में नहीं डाल सकते इसके लिए आपको उस डिवाइस के माध्यम से सिम कार्ड को एक्टिवेट करना होगा।

Jio e-SIM को कैसे एक्टिवेट करें:

  • इसमें पोस्टपेड और प्रीपेड दोनों में e- sim को बदला जा सकता है।
  • आपको अपने पास के किसी जिओ स्टोर में जाना है पहचान प्रमाण, फ़ोटो लेकर जाना होगा।
  • वहाँ पर वो आपसे फोन की कुछ डिटेल मांगेगा जैसे IMEI नंबर इसके बाद वो कुछ डिटेल भरेगा
  • इसके बाद आपके फोन में एक QR कोड आ जायेगा और 5 मिनट के अंदर आपको पूरी रजिस्ट्रेशन डिटेल भेज दी जाएगी जिसमें आपको SM-DP+Adress दिया होगा और एक्टिवेशन कोड दिया होगा।
  • इसके बाद आपको अपने iphone की सेटिंग में जाना है Mobile data पर क्लिक करना है इसके बाद Add data plan क्लिक करना है। आपके iphone का कैमरा खुल जायेगा जिससे आपके फोन में जो QR code भेजा गया है उसको स्कैन करना या फिर Enter detail manually पर क्लिक कर जो डिटेल भेजी गई थी उसको भर कर भी सिम को एक्टिवेट किया जा सकता है।

Airtel को e-SIM में कैसे एक्टिवेट करें:

  • Airtel में e-sim को केवल पोस्टपेड में बदला जा सकता प्रीपेड वालों के लिए ये सुविधा नहीं है।
  • आपको अपनी e-mail आई डी से एक SMS भेजना है 121 के फार्मेट में जिसमें लिखना होगा 'eSIMemail'
  • इसके बाद आपके पास Confirmation message या कॉल आएगी कंपनी से जिसमें आपसे पूंछा जाएगा कि आप Physical sim को e-sim बनाना चाहते हो तो उसको confirm कर दीजिए।
  • इसके बाद e - mail आई डी पर एक लिंक आएगी उस पर क्लिक कर QR code मिल जाएगा।
  • इसके बाद QR code को उसी फोन से स्कैन करना है 
  • इस प्रक्रिया को पूरा करने के बाद आपकी e - sim एक्टिवेट हो जाएगी।

Vodafone को e -SIM में कैसे एक्टिवेट करें ?

  • वोडाफोन में e-sim केवल पोस्टपेड उपयोगकर्ता के लिये ही है।
  • फोन की सेटिंग में जाना है mobile data पर क्लिक करना।
  • Add data plan पर क्लिक करना है।
  • इसके बाद जो e - mail में QR code आया है उसको स्कैन करना है।
  • इसके बाद आपकी e-sim एक्टिवेट हो जाएगी।

Travellers के लिए:
ये ट्रैवलर के लिये बहुत लाभदायक होती है क्योंकि एक देश से दूसरे देश में जाने के लिए सिम बदलना जिससे बहुत सारी परेशानियां होती है इसमें कोई सिम नहीं बदलनी होती आपको जिस ऑपरेटर में सेट करना है उसी में बहुत आसानी से कर सकते।

E-SIM का भविष्य:
E-SIM का भविष्य बहुत ही अच्छा है क्योंकि इसको बहुत आसानी से एक ऑपरेटर से दूसरे में बदला जा सकता है और इसमें सिम कार्ड को काटने की कोई जरूरत नहीं होती है जबकि साधारण सिम कार्ड को काटने की जरूरत होती है क्योंकि किसी फोन में बहुत छोटा सिम कार्ड लगता इसी तरीके की दिक्कतों से बचने के किये E-SIM बहुत अच्छा है। इसमें सिम पहले से ही फोन में मौजूद होती है आपको केवल अपना ऑपरेटर चुनना होता है और ये काफी सुरक्षित है और कुछ समय बाद ये ज्यादा से ज्यादा डिवाइस में सपोर्ट करेगी और इससे रोमिंग जैसी समस्याएं कम हो जाएगी जिससे e-sim को ज्यादा से ज्यादा लोग इस्तेमाल करना चाहेंगे और ये भविष्य के लिए बहुत अच्छी है जैसे कि लोगों को सिम कार्ड रखने में दिक्कत होती थी क्योंकि आसानी खो जाते थी इसलिए इसमें ये सुविधा बहुत अच्छी है कि ये नॉन-रिमूवल है।